संशोधित नियमों के तहत भारतीय पासपोर्ट धारकों को थाईलैंड में 30 दिन तक वीज़ा-मुक्त प्रवेश
थाईलैंड की कैबिनेट ने एक संशोधन को मंजूरी दी है, जिसके तहत भारतीय पासपोर्ट धारक बिना वीज़ा के 30 दिनों तक देश में प्रवेश कर सकेंगे। इससे पहले प्रस्तावित 15-दिन की आगमन पर वीज़ा व्यवस्था में वापसी टल गई है। यह बदलाव संबंधित संशोधनों के थाईलैंड के राजपत्र में प्रकाशित होने के 15 दिन बाद प्रभावी होगा।
थाईलैंड की कैबिनेट ने एक संशोधन को मंजूरी दी है, जिसके तहत भारतीय पासपोर्ट धारक बिना वीज़ा के 30 दिनों तक देश में प्रवेश कर सकेंगे। इससे पहले प्रस्तावित 15-दिन की आगमन पर वीज़ा व्यवस्था में वापसी टल गई है।
यह बदलाव संबंधित संशोधनों के थाईलैंड के राजपत्र में प्रकाशित होने के 15 दिन बाद प्रभावी होगा। खबर लिखे जाने तक अधिकारियों ने प्रकाशन की तारीख की घोषणा नहीं की थी। नए नियम लागू होने तक मौजूदा प्रवेश प्रक्रियाएं काफी हद तक जारी रहेंगी और संक्रमण अवधि में कई यात्रियों को अब भी 60 दिनों का प्रवास मिल रहा है। लागू होने से पहले पहुंचने वाले यात्रियों को उन्हें दी गई प्रवास अवधि पूरी करने की अनुमति होगी।
संशोधित व्यवस्था पहले की उन योजनाओं के बाद आई है, जिनके तहत भारतीय नागरिकों और 92 अन्य देशों के नागरिकों को मिली अस्थायी 60-दिन की वीज़ा छूट वापस ली जानी थी। नवीनतम निर्णय के तहत भारतीय यात्री अस्थायी 60-दिन की छूट से सीधे पर्यटन और छोटी कारोबारी यात्राओं के लिए 30-दिन की वीज़ा-मुक्त श्रेणी में जाएंगे, न कि 15 दिनों तक सीमित और शुल्क वाली आगमन पर वीज़ा व्यवस्था में।
सूत्र ने कहा कि भारतीय पर्यटक थाईलैंड में औसतन 7.2 दिन ठहरते हैं, इसलिए नई अनुमति अधिकांश यात्राओं के लिए पर्याप्त होगी और इससे आगमन पर वीज़ा शुल्क तथा अतिरिक्त कागजी कार्रवाई से बचा जा सकेगा। इस उपाय से फुकेत सहित थाईलैंड के अन्य स्थानों की यात्रा, छुट्टियों, पारिवारिक मुलाकातों और कारोबारी यात्राओं को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
संशोधित नियमों के तहत छह देशों के नागरिकों को बेहतर सुविधा मिल रही है, जिनमें भारत भी शामिल है। सूची में शामिल अन्य देश बुल्गारिया, क्रोएशिया, साइप्रस, माल्टा और मालदीव हैं। बदलावों से यूरोपीय संघ के सदस्य देशों के लिए व्यवस्था भी एकसमान होगी और वीज़ा-मुक्त प्रवेश के लिए पात्र देशों की कुल संख्या घटेगी।
थाई अधिकारियों ने कहा कि संशोधनों का उद्देश्य प्रशासनिक और सुरक्षा नियंत्रण मजबूत करते हुए पर्यटन को बढ़ावा देना है। यह निर्णय 60-दिन की व्यापक छूट के संभावित दुरुपयोग को लेकर उठी चिंताओं के बाद लिया गया और भारतीय तथा पर्यटन संगठनों के विरोध के बाद आया। सूत्र ने कहा कि प्रवेश नियमों को अस्थायी रूप से कड़ा किए जाने की आशंकाओं के बाद भारतीय यात्रियों की संख्या में करीब 20 प्रतिशत की गिरावट आई थी।
कैबिनेट ने कुछ देशों के लिए 15-दिन के वीज़ा-मुक्त विकल्प और अन्य देशों के लिए आगमन पर वीज़ा सुविधा में बदलाव की भी घोषणा की। इन बदलावों के साथ थाईलैंड के डिजिटल आगमन कार्ड तंत्र के जरिए व्यापक जांच प्रक्रिया भी लागू की जाएगी।
भारतीय यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे राजपत्र में प्रकाशन की तारीख के लिए थाईलैंड के विदेश मंत्रालय और थाई दूतावासों की घोषणाओं पर नजर रखें। संशोधित नियम लागू होने तक यात्रियों को अपनी एयरलाइनों से आवश्यकताओं की जांच करनी चाहिए और आगे की यात्रा का प्रमाण तथा पर्याप्त धनराशि समेत सामान्य सहायक दस्तावेज तैयार रखने चाहिए, क्योंकि आव्रजन अधिकारियों का विवेकाधिकार लागू रहेगा।